सोमवती अमावस पर उमड़ा श्रद्घालुओं का जनसैलाब
तीर्थनगरी ओंकारेश्वर में सोमवार को सोमवाती अमावस्या पर्व हर्षोल्लास से मनाया गया। इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्घालुओं ने यहां पहुंचकर स्नान दर्शन का लाभ लिया। मां नर्मदा में स्नान कर भगवान ओंकारेश्वर ममलेश्वर ज्यार्तिलिंग के दर्शन किए और ओंकार पर्वत की परिक्रमा भी की। इस अवसर पर कलेक्टर स्वाति मीणा नायक, पुलिस अधीक्षक महेन्द्रसिंह सिकरवार ने भी पूजन दर्शन किया और व्यवस्थाओं का जायजा लिया।सोमवाती अमावस्या पर स्नान के लिये श्रद्घालुओं के आने का सिलसिला रविवार रात्रि से भी आरंभ हो गया था। जो सोमवार को दिनभर जारी रहा। तीर्थनगरी में इन्दौर, देवास, उज्जैन, खंडवा, खरगोन सहित देशभर से पहुंचे भक्तों ने पर्व का आनंद लिया। ओंकारेश्वर पहुंचे भक्तों ने नर्मदा स्नान करने के बाद प्रात: चार बजे ही मुख्य मंदिर में दर्शन के लिये कतार में खड़े होने लगे थे। तीर्थनगरी के सभी घाटों पर श्रद्घालुओं का जनसैलाब उमड़ा।इसी तरह मोरटक्का नर्मदा तट खेडी घाट पर हजारों श्रद्घालुओं ने स्नान किया। इस अवसर पर श्री साई सेवा सदन में प्रतिवर्षानुसार इस वर्ष भी भक्तों को प्रसादी ग्रहण करवाई गई। नर्मदा तट पर स्थित ओंकारमठ ने सोमवाती अमावस्या पर ओंकारमठ में भी भंडारे का आयोजन किया गया जिसमें सभी को थालियों में भोजन दिया गया। कई बार देखने में आता हैं कि लो*ग भंडारा करने के बाद झुटे दोनों पत्तलों को नर्मदा किनारे ही छोड देतें है जो कि नर्मदा में जाकर पानी को प्रदुषित करतें हैं तों वही कई दिनों तक घाटों पर पड़े रहने से लोगों परेशानियों का सामना करना पड़ता है। इस बार लोग जागरूक दिखाई दिये।
तीर्थनगरी ओंकारेश्वर में सोमवार को सोमवाती अमावस्या पर्व हर्षोल्लास से मनाया गया। इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्घालुओं ने यहां पहुंचकर स्नान दर्शन का लाभ लिया। मां नर्मदा में स्नान कर भगवान ओंकारेश्वर ममलेश्वर ज्यार्तिलिंग के दर्शन किए और ओंकार पर्वत की परिक्रमा भी की। इस अवसर पर कलेक्टर स्वाति मीणा नायक, पुलिस अधीक्षक महेन्द्रसिंह सिकरवार ने भी पूजन दर्शन किया और व्यवस्थाओं का जायजा लिया।सोमवाती अमावस्या पर स्नान के लिये श्रद्घालुओं के आने का सिलसिला रविवार रात्रि से भी आरंभ हो गया था। जो सोमवार को दिनभर जारी रहा। तीर्थनगरी में इन्दौर, देवास, उज्जैन, खंडवा, खरगोन सहित देशभर से पहुंचे भक्तों ने पर्व का आनंद लिया। ओंकारेश्वर पहुंचे भक्तों ने नर्मदा स्नान करने के बाद प्रात: चार बजे ही मुख्य मंदिर में दर्शन के लिये कतार में खड़े होने लगे थे। तीर्थनगरी के सभी घाटों पर श्रद्घालुओं का जनसैलाब उमड़ा।इसी तरह मोरटक्का नर्मदा तट खेडी घाट पर हजारों श्रद्घालुओं ने स्नान किया। इस अवसर पर श्री साई सेवा सदन में प्रतिवर्षानुसार इस वर्ष भी भक्तों को प्रसादी ग्रहण करवाई गई। नर्मदा तट पर स्थित ओंकारमठ ने सोमवाती अमावस्या पर ओंकारमठ में भी भंडारे का आयोजन किया गया जिसमें सभी को थालियों में भोजन दिया गया। कई बार देखने में आता हैं कि लो*ग भंडारा करने के बाद झुटे दोनों पत्तलों को नर्मदा किनारे ही छोड देतें है जो कि नर्मदा में जाकर पानी को प्रदुषित करतें हैं तों वही कई दिनों तक घाटों पर पड़े रहने से लोगों परेशानियों का सामना करना पड़ता है। इस बार लोग जागरूक दिखाई दिये।

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