बहुमंजिली इमारतों, मॉडर्न टेक्नोलॉजी और शानोशौकत से लैस होगा नया BJP मुख्यालय
राजधानी के 11 अशोका रोड पर बीते कई दशकों से स्थित बीजेपी का मुख्यालय अब दूसरी जगह शिफ्ट होने वाला है। नया ऑफिस अब यहां से पांच किमी दूर बनने वाला है। दो एकड़ प्लॉट में बनने वाला नया दफ्तर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के नेता दीन दयाल उपाध्याय के नाम पर बनी सड़क पर स्थित है। एनडीटीवी के मुताबिक, 18 अगस्त को पीएम नरेंद्र मोदी और पार्टी अध्यक्ष अमित शाह नई इमारत का शिलान्यास करेंगे। पार्टी को उम्मीद है कि नया ऑफिस 2019 आम चुनाव से पहले बनकर तैयार हो जाएगा।बड़े नेताओं के मुताबिक, नया ऑफिस महज लोकेशन बदलने के लिए नहीं बनवाया जा रहा। बीजेपी के एक नेता ने कहा, ‘यह ऑफिस बेहद आधुनिक और ज्यादा बड़ी जगह में होगा। यह देश के हर बीजेपी दफ्तर से जुड़ा होगा।’ वर्तमान दफ्तर एक फ्लोर में है जबकि नया ऑफिस मल्टी स्टोरी बिल्डिंग में बनेगा। इसमें तीन ब्लॉक होंगे। मुख्य इमारत सात मंजिली ऊंची होगी। बाकी की दो इमारतें तीन-तीन मंजिली होंगीं। इनमें पार्टी के अध्यक्ष और दूसरे सीनियर लीडर्स के दफ्तर होंगे।रिपोर्ट के मुताबिक, इमारतें इको फ्रेंडली होगी। इसेे बनाने में खोखली ईटों का इस्तेमाल होगा, जो इमारत को ठंडा रखने में मदद करेगी। इमारत में सोलर पैनल होंगे, जिससे पैदा बिजली का इसतेमाल किया जाएगा। प्राकृतिक रोशनी के लिए बड़ी बड़ी खिड़कियां होंगी। इसके अलावा, रेन वॉटर हारवेस्टिंग और बायो टॉयलेट्स का भी इस्तेमाल होगा। कैंपस में वाईफाई होगा। कुल 70 कमरे बनेंगे, जिसमें दो बड़े कॉन्फ्रेंस हॉल भी होंगे। इमारत में एक डिजिटल लाइब्रेेरी होगी, जो राज्यों की राजधानी और जिला मुख्यालयों पर स्थित हर दफ्तर से जुड़ा होगा। खान-पान के लिए कई दुकानें होंगी।पीएम नरेंद्र मोदी की आवाजाही के मद्देनजर आला दर्जे की सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी। इसके अलावा, एक जगह एक बड़े खंभे पर राष्ट्रीय झंडा लगाने की भी व्यवस्था होगी। 200 कारों के लिए अंडरग्राउंड पार्किंग बनाने की योजना है। वर्तमान में 11 अशोका रोड स्थित दफ्तर के बाहर ही पार्किंग है, जिसकी वजह से लोगों को ट्रैफिक जाम का सामना करना पड़ता है।पार्टी अध्यक्ष शाह अपनी सारी बैठकें बीजेपी दफ्तर में ही करना पसंद करते हैं। उन्होंने नए दफ्तर जुड़ी प्लानिंग की समीक्षा की है। वहीं, बीजेपी का मानना है कि वर्तमान ऑफिस बेहद छोटा है और इसमें आधुनिक दफ्तरों जैसी सुविधाओं का अभाव है। हालांकि, पार्टी के कुछ नेताओं का मानना है कि सिर्फ स्पेस और सुविधाओं के अभाव में नया दफ्तर नहीं बनाया जा रहा। हाशिए पर ढकेले गए एक सीनियर नेता ने बताया, ‘हर नेता अपनी विरासत छोड़ना चाहते हैं। नया हेडक्वार्टर वर्तमान नेतृत्व को पार्टी के इतिहास में अलग जगह दिलाएगाा।’
राजधानी के 11 अशोका रोड पर बीते कई दशकों से स्थित बीजेपी का मुख्यालय अब दूसरी जगह शिफ्ट होने वाला है। नया ऑफिस अब यहां से पांच किमी दूर बनने वाला है। दो एकड़ प्लॉट में बनने वाला नया दफ्तर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के नेता दीन दयाल उपाध्याय के नाम पर बनी सड़क पर स्थित है। एनडीटीवी के मुताबिक, 18 अगस्त को पीएम नरेंद्र मोदी और पार्टी अध्यक्ष अमित शाह नई इमारत का शिलान्यास करेंगे। पार्टी को उम्मीद है कि नया ऑफिस 2019 आम चुनाव से पहले बनकर तैयार हो जाएगा।बड़े नेताओं के मुताबिक, नया ऑफिस महज लोकेशन बदलने के लिए नहीं बनवाया जा रहा। बीजेपी के एक नेता ने कहा, ‘यह ऑफिस बेहद आधुनिक और ज्यादा बड़ी जगह में होगा। यह देश के हर बीजेपी दफ्तर से जुड़ा होगा।’ वर्तमान दफ्तर एक फ्लोर में है जबकि नया ऑफिस मल्टी स्टोरी बिल्डिंग में बनेगा। इसमें तीन ब्लॉक होंगे। मुख्य इमारत सात मंजिली ऊंची होगी। बाकी की दो इमारतें तीन-तीन मंजिली होंगीं। इनमें पार्टी के अध्यक्ष और दूसरे सीनियर लीडर्स के दफ्तर होंगे।रिपोर्ट के मुताबिक, इमारतें इको फ्रेंडली होगी। इसेे बनाने में खोखली ईटों का इस्तेमाल होगा, जो इमारत को ठंडा रखने में मदद करेगी। इमारत में सोलर पैनल होंगे, जिससे पैदा बिजली का इसतेमाल किया जाएगा। प्राकृतिक रोशनी के लिए बड़ी बड़ी खिड़कियां होंगी। इसके अलावा, रेन वॉटर हारवेस्टिंग और बायो टॉयलेट्स का भी इस्तेमाल होगा। कैंपस में वाईफाई होगा। कुल 70 कमरे बनेंगे, जिसमें दो बड़े कॉन्फ्रेंस हॉल भी होंगे। इमारत में एक डिजिटल लाइब्रेेरी होगी, जो राज्यों की राजधानी और जिला मुख्यालयों पर स्थित हर दफ्तर से जुड़ा होगा। खान-पान के लिए कई दुकानें होंगी।पीएम नरेंद्र मोदी की आवाजाही के मद्देनजर आला दर्जे की सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी। इसके अलावा, एक जगह एक बड़े खंभे पर राष्ट्रीय झंडा लगाने की भी व्यवस्था होगी। 200 कारों के लिए अंडरग्राउंड पार्किंग बनाने की योजना है। वर्तमान में 11 अशोका रोड स्थित दफ्तर के बाहर ही पार्किंग है, जिसकी वजह से लोगों को ट्रैफिक जाम का सामना करना पड़ता है।पार्टी अध्यक्ष शाह अपनी सारी बैठकें बीजेपी दफ्तर में ही करना पसंद करते हैं। उन्होंने नए दफ्तर जुड़ी प्लानिंग की समीक्षा की है। वहीं, बीजेपी का मानना है कि वर्तमान ऑफिस बेहद छोटा है और इसमें आधुनिक दफ्तरों जैसी सुविधाओं का अभाव है। हालांकि, पार्टी के कुछ नेताओं का मानना है कि सिर्फ स्पेस और सुविधाओं के अभाव में नया दफ्तर नहीं बनाया जा रहा। हाशिए पर ढकेले गए एक सीनियर नेता ने बताया, ‘हर नेता अपनी विरासत छोड़ना चाहते हैं। नया हेडक्वार्टर वर्तमान नेतृत्व को पार्टी के इतिहास में अलग जगह दिलाएगाा।’
No comments:
Write comments