MEHBOOBA MUFTI गद्दारों के लिए आंसू न बहाएं :CONGRESS
कांग्रेस ने पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (पीडीपी) की प्रमुख और जम्मू
कश्मीर की मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती से आतंकवाद के मुद्दे पर राजनीति न
करने की सलाह देते हुए कहा कि वह गद्दारों के लिए आंसू न बहाएं।कांग्रेस के
मुख्य प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने कहा, ‘‘यह दुर्भाग्यपूर्ण और बेहद दुखद
है। निर्वाचित सरकार को आतंकवाद के मुद्दे पर राजनीति नहीं करनी चाहिए।’’
साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि कश्मीर घाटी में जो स्थिति है उसके लिए पीडीपी-भाजपा
गठबंधन वाली सरकार ही जिम्मेदार है। सुरजेवाल ने कहा, ‘‘एक ओर तो आप
कठोरता बरतने की बात करते हैं और दूसरी ओर गद्दारों के लिए आंसू बहाते हैं।
’’कांग्रेस का यह बयान महबूबा मुफ्ती के उस बयान के बाद आया है जिसमें
उन्होंने कहा था कि, ‘‘जहां तक मुझे पता है, जैसा कि मैंने पुलिस और थलसेना
से सुना कि उन्हें सिर्फ इतना पता था कि घर के भीतर तीन आतंकवादी मौजूद
हैं, लेकिन यह नहीं पता था कि वे कौन हैं। ‘मुझे लगता है कि यदि उन्हें पता
होता, तो हमारे सामने ऐसी स्थिति नहीं होती। जब राज्य में कुल मिलाकर
हालात बेहतर हो रहे थे।”महबूबा ने ये भी कहा था कि, “जब अफज़ल गुरू को
फांसी दी गई, तब तत्कालीन सीएम उमर जानते थे, इसलिए उन्होंने पहले ही हालात
के लिए सारे इंतज़ाम कर रखे थे। हमें तो सब कुछ अचानक ही पता चला, पहले से
कोई जानकारी नहीं थी। लेकिन इसके बाद भी हमने कर्फ्यू लगाने की कोशिश की
ताकि बच्चे बाहर ना आएं। ”
कांग्रेस ने पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (पीडीपी) की प्रमुख और जम्मू
कश्मीर की मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती से आतंकवाद के मुद्दे पर राजनीति न
करने की सलाह देते हुए कहा कि वह गद्दारों के लिए आंसू न बहाएं।कांग्रेस के
मुख्य प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने कहा, ‘‘यह दुर्भाग्यपूर्ण और बेहद दुखद
है। निर्वाचित सरकार को आतंकवाद के मुद्दे पर राजनीति नहीं करनी चाहिए।’’
साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि कश्मीर घाटी में जो स्थिति है उसके लिए पीडीपी-भाजपा
गठबंधन वाली सरकार ही जिम्मेदार है। सुरजेवाल ने कहा, ‘‘एक ओर तो आप
कठोरता बरतने की बात करते हैं और दूसरी ओर गद्दारों के लिए आंसू बहाते हैं।
’’कांग्रेस का यह बयान महबूबा मुफ्ती के उस बयान के बाद आया है जिसमें
उन्होंने कहा था कि, ‘‘जहां तक मुझे पता है, जैसा कि मैंने पुलिस और थलसेना
से सुना कि उन्हें सिर्फ इतना पता था कि घर के भीतर तीन आतंकवादी मौजूद
हैं, लेकिन यह नहीं पता था कि वे कौन हैं। ‘मुझे लगता है कि यदि उन्हें पता
होता, तो हमारे सामने ऐसी स्थिति नहीं होती। जब राज्य में कुल मिलाकर
हालात बेहतर हो रहे थे।”महबूबा ने ये भी कहा था कि, “जब अफज़ल गुरू को
फांसी दी गई, तब तत्कालीन सीएम उमर जानते थे, इसलिए उन्होंने पहले ही हालात
के लिए सारे इंतज़ाम कर रखे थे। हमें तो सब कुछ अचानक ही पता चला, पहले से
कोई जानकारी नहीं थी। लेकिन इसके बाद भी हमने कर्फ्यू लगाने की कोशिश की
ताकि बच्चे बाहर ना आएं। ”
No comments:
Write comments